अनादि न्यूज़ डॉट कॉम जबलपुर। मध्यप्रदेश में बहुचर्चित ओबीसी को 27% आरक्षण मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई से पहले नया मोड़ आ गया है। सरकार की ओर से नियुक्त दो विशेष अधिवक्ताओं को मामले से अलग किया गया है। एडवोकेट रामेश्वर सिंह ठाकुर और एडवोकेट विनायक शाह को विशेष अधिवक्ता के पद से अलग कर दिया गया है।
सरकार का पक्ष रखने नई अधिसूचना जारी
दरअसल महामहिम राज्यपाल द्वारा रामेश्वर सिंह ठाकुर एवं विनायक प्रसाद शाह को विशेष अधिवक्ता नियुक्त किया गया था। रामेश्वर सिंह ठाकुर और विनायक शाह सरकार की ओर से ओबीसी का पक्ष अब नहीं रख पाएंगे। ओबीसी आरक्षण के प्रकरण में कोर्ट में सरकार का पक्ष रखने नई अधिसूचना जारी की गई है।न्यायालय में रखेंगे सरकार का पक्ष
चलती सुनवाई से विशेष अधिवक्ताओं को हटाने को लेकर कई सवाल खड़े हो रहे है। महाधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि के.एम.नटराज सरकार का पक्ष रखेंगे। हाईकोर्ट में 1. तुषार मेहता, सॉलिसिटर जनरल 2. के एम नटराज,अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल और 3. प्रशांत सिंह, महाधिवक्ता, मध्यप्रदेश न्यायालय में सरकार का पक्ष रखेंगे।






